विधानसभा चुनावों के होने में साल भर से कुछ कम ही समय बचा है अब ऐसे में सत्ता दल के खिलाफ विपक्षी दल जो एक होजाने का दावा अक्सर पेश करते हैं, कायदे से एक हो भी जाना चाहिये पर असल मे ऐसा दिखाई नही देता फिलहाल । बड़े नेता एकता का दावा करते हैं कि INDIA गठबंधन BJP को प्रदेश में वैसे ही पटखनी देगा जैसे लोकसभा में दी थी पर छोटे नेता आपस मे ही कमेंटम पैजार करते हुए दिखाई पड़ रहे हैं सोशल मीडिया पर ।
कौन कहाँ से लड़ेगा चुनाव ये तय वैसे तो आलाकमान करती है पर हरदोई जिले की कांग्रेस के जिलाध्यक्ष विक्रम पांडेय और सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष फिलहाल प्रवक्ता जितेंद्र वर्मा सोशल मीडिया पर अपने आपस मे ही उलझ गए हैं कि कैंडिडेट कौन कहाँ से होगा । सपा नेता जितेंद्र वर्मा जहां बिलग्राम मल्लावां क्षेत्र से अपना दावा पेश कर रहे हैं वहीं कांग्रेस जिलाध्यक्ष विक्रम पांडेय कांग्रेस नेता सुभाष पाल को प्रत्याशी अपनी तरफ से अभी से ही लगभग घोषित करते हुए दिखाई पड़ रहे हैं ।
ऐसे में दोनों पार्टियों के ये नेता और इनके समर्थक सोशल मीडिया पर जमकर एक दूसरे को कोसते दिखाई पड़े और बीजेपी के नेता चुटकी लेते हुए । कांग्रेस और सपा के नेताओं का यूँ सार्वजनिक उलझना और एक दूसरे की पोल खोलते दिखना इनके बड़े नेताओं के लक्ष्य 2027 में पलीता ना लगा दे कहीं ।
फिलहाल इस कमेंटम पैजार पर जब सपा नेता जितेंद्र वर्मा से बात की गई तो उन्होंने कहा कि गठबंधन में टिकट का सीधा फार्मूला होता है , हारी हुई सीट पर जो नम्बर दो की पोजिशन पर रहता है उसी पार्टी का कैंडिडेट आगे किया जाता है चुनाव लड़ने के लिए । बिलग्राम मल्लावां में चूंकि सपा नम्बर दो की पार्टी थी पिछले चुनाव में सो सपा का ही प्रत्याशी वहां से लड़ेगा ।
कांग्रेस के जिलाध्यक्ष विक्रम पांडेय का कहना है कि जितेंद्र वर्मा की सपा में हैसियत क्या है , ये कैसे तय कर सकते हैं कि कौन कहाँ से लड़ेगा । मैं सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को पत्र लिखूंगा और कहूंगा कि ऐसे ही लोगों के कारण आप 2017 और 2022 में चुनाव हार गए ।
पब्लिक इस कमेंटम पैजार को देखकर मौज ले रही है , आम जन बोलते हैं कि अरे गांव तो बस जाने दो पहले , dot dot बाद में डाल लें । समझदार को इशारा काफी ।
